उच्च फाइबर वाला पारंपरिक बाजरा
कोदो बाजरा एक पारंपरिक, उच्च फाइबर वाला बाजरा है जो पाचन क्रिया को बेहतर बनाने और लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान करने के लिए जाना जाता है। प्राकृतिक रूप से ग्लूटेन-मुक्त और सही तरीके से पकाए जाने पर बच्चों, बुजुर्गों और रोज़मर्रा के भोजन के लिए उपयुक्त, यह पॉलिश किए हुए चावल का एक पौष्टिक विकल्प है।
🌾 कोदो बाजरा क्या है?
कोदो बाजरा भारत की स्वदेशी फसलों में से एक है, जिसे पारंपरिक रूप से वन और शुष्क भूमि क्षेत्रों में उगाया और खाया जाता है। कोडोन, अरिकेलू और वरगु जैसे नामों से जाना जाने वाला यह बाजरा अपनी धीमी पाचन क्षमता, फाइबर से भरपूर होने और तृप्ति प्रदान करने के लिए लंबे समय से मूल्यवान रहा है।
जय जंगल में, कोदो बाजरा को साफ किया जाता है, छांटा जाता है और अनाज की शुद्धता और प्राकृतिक स्वाद को बनाए रखने के लिए छोटे बैचों में पैक किया जाता है ।
⭐ इस कोदो बाजरे को क्यों चुनें?
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प्राकृतिक रूप से ग्लूटेन मुक्त
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आहार फाइबर से भरपूर
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पाचन क्रिया और आंतों को आराम प्रदान करता है
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निरंतर ऊर्जा के लिए धीरे-धीरे पचने वाला अनाज
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दैनिक भोजन के लिए उपयुक्त
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कोई पॉलिशिंग नहीं, कोई एडिटिव्स नहीं
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छोटे बैच में साफ करके पैक किया गया
यह साबुत अनाज वाला भोजन है, परिष्कृत या इंस्टेंट बाजरा नहीं।
👶🧓 बच्चों और बुजुर्गों के लिए उपयुक्त (ठीक से पकाने पर)
बच्चों के लिए
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यह नरम व्यंजनों में अच्छा काम करता है
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चावल के अलावा अन्य अनाजों में विविधता लाने में मदद करता है
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यह भोजन को पेट भरा रखता है लेकिन भारीपन महसूस नहीं होने देता।
बुजुर्गों के लिए
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फाइबर पाचन में सहायक होता है।
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अच्छी तरह से भिगोकर और पूरी तरह पकाकर सेवन करना सर्वोत्तम है।
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ऊर्जा का हल्का-फुल्का प्रवाह
👉 क्योंकि कोदो बाजरा फाइबर से भरपूर होता है, इसलिए इसे भिगोना और ठीक से पकाना इसके आराम के लिए महत्वपूर्ण है ।
🍽️ सामान्य उपयोग
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नियमित भोजन में चावल का विकल्प
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नरम खिचड़ी और मिश्रित बाजरा के व्यंजन
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सब्जी पुलाव शैली की तैयारी
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हल्का दोपहर का भोजन या रात का खाना
(विस्तृत रेसिपी हमारे ब्लॉग पर साझा की जाएंगी।)
🍳 खाना पकाने के बुनियादी दिशानिर्देश
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दो-तीन बार अच्छी तरह से धो लें
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6-8 घंटे तक भिगोकर रखें (अनुशंसित)
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1:3 के पानी के अनुपात में पकाएँ
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अनाज पूरी तरह नरम होने तक धीमी आंच पर पकाएं।
कोदो बाजरा में फाइबर की मात्रा अधिक होने के कारण इसे हल्के बाजरा की तुलना में अधिक देर तक भिगोने की आवश्यकता होती है।
📦 उपलब्ध पैक विकल्प
🔹 750 ग्राम का पैक
पहली बार उपयोग करने वालों और छोटे परिवारों के लिए उपयुक्त।
🔹 1 पौंड पैक (454 ग्राम)
नियमित रूप से बाजरा खाने के लिए सुविधाजनक आकार।
🌿 सामग्री और स्वच्छ लेबल
सामग्री:
100% कोडो बाजरा
इससे मुक्त:
मैदा • परिरक्षक • योजक पदार्थ • कृत्रिम रंग
👩🏽🌾 इसे कौन तैयार करता है?
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आदिवासी महिला समूहों द्वारा साफ और पैक किया गया
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छोटे बैचों का प्रबंधन
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अनाज की शुद्धता और एकरूपता पर ध्यान केंद्रित करें
प्रत्येक खरीदारी वनों से जुड़े ग्रामीण आजीविका को समर्थन देती है।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या कोदो बाजरा ग्लूटेन-मुक्त होता है?
जी हां। कोदो बाजरा प्राकृतिक रूप से ग्लूटेन-मुक्त होता है।
क्या यह बच्चों और बुजुर्गों के लिए उपयुक्त है?
हां, अगर इन्हें ठीक से भिगोकर पकाया जाए तो।
क्या इसका स्वाद चावल जैसा है?
इसका स्वाद हल्का और मिट्टी जैसा होता है और यह चावल के विकल्प के रूप में अच्छा काम करता है।
क्या यह पॉलिश किया हुआ है?
नहीं। इस पर न्यूनतम प्रसंस्करण किया गया है और इसे कृत्रिम रूप से पॉलिश नहीं किया गया है।
क्या इसे रोजाना खाया जा सकता है?
जी हाँ। कोदो बाजरा पारंपरिक रूप से रोजमर्रा के अनाज के रूप में इस्तेमाल किया जाता है।